चंद्रयान-3 ने बुधवार शाम को चांद के दक्षिणी ध्रुव के पास सॉफ़्ट लैंडिंग करके इतिहास रच दिया. इसके बाद सबसे बड़ा चरण था लैंडर से प्रज्ञान रोवर का निकलना. इसरो ने बताया है कि रोवर अब लैंडर से निकल चुका है और इसने चांद का चक्कर भी लगा लिया है.
इसरो ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (ट्विटर) पर लिखा- “चंद्रयान-3 का भारत में बना रोवर अब चांद पर पहुंच गया है. रोवर लैंडर से अलग हो चुका है और चांद का चक्कर भी लगा लिया है.”
भारत को चांद पर सफलता मिल गई है. चंद्रयान-3 ने चांद की सतह पर उतर कर इतिहास रच दिया है. चंद्रमा के दक्षिणी ध्रुव पर सफलतापूर्वक उतरने वाला भारत पहला देश बन गया है.
इसरो के बताए गए विवरण के मुताबिक चंद्रयान-3 के लिए मुख्य उद्देश्य चंद्रमा की सतह कही जाने वाली रेजोलिथ पर लैंडर को उतारना और घुमाना लैंडर और रोवर्स से चंद्रमा की सतह पर शोध कराना है.
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