Aligarh (Uttar Pradesh, India) । मंगलायतन विश्वविद्यालय, उषा मार्टिन विश्वविद्यालय तथा हिमालयन विश्वविद्यालय के संयुक्त तत्वावधान में वेबिनार का आयोजन हुआ। इसका विषय “विशेष उद्देश्यों और अकादमिक लेखन के लिए अंग्रेजी भाषा” था। वेबिनार का उद्घाटन उषा मार्टिन विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ. सुरेश गर्ग द्वारा किया गया। उन्होंने कहा कि कोविड-19 ने समाज में कई बदलाव लाए हैं।
सांस्कृतिक बाधाओं को पिघला सकती है अंग्रेजी
उषा मार्टिन विवि के अंग्रेजी विभाग के अध्यक्ष डॉ. प्रकाश चंद्र पांडा ने कहा कि अंग्रेजी में संचार करते समय – वर्ड रेट, वॉयस टोन, पिच, वर्बल ट्रिक्स, वॉल्यूम और नरेशन भी एक बड़ी भूमिका निभाता है। उन्होंने बताया कि “ठहराव” संचार में एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। वहीं, विवि की ही डॉ. शिम्पी कुमारी चतुर्वेदी ने अंग्रेजी भाषा का संचार विशेष उद्देश्यों के लिए विषय पर प्रस्तुतिकरण दिया। उन्होंने बताया कि अंग्रेजी जीवन को बदल सकती है और सांस्कृतिक बाधाओं को पिघला सकती है। मंविवि से वक्ता डॉ. फराह खान ने कहा कि भाषा संचार का एक माध्यम है। उन्होंने कहा कि हमारी भाषा को हमारी सकारात्मक बॉडी लैंग्वेज और बॉडी जेस्चर द्वारा समर्थित किया जाना चाहिए। हिमालयन विवि से प्रवक्ता डॉ. दोई एटटे ने उत्तर पूर्व से लेखन और अरुणाचल प्रदेश के विशिष्ट संदर्भ में नॉर्थ ईस्ट राइटर्स के काम में पहचान का प्रतिनिधित्व करने पर ध्यान केंद्रित किया। संयोजन करते हुए डॉ. धीरज कुमार गर्ग ने कहा कि अंग्रेजी अब संचार का वैश्विक माध्यम बन गया है। इस दौरान टीपीओ लव मित्तल, डॉ. शगुफ्ता परवीन, डॉ. हिरा फातिमा, शिखा शर्मा आदि मौजूद थे।
- Festival Event Glowing Crown Slot Road Gathering in UK - September 3, 2026
- Where Luck Meets Real Rewards for UK at Winplace Casino - September 1, 2026
- Få varje snurr att betyda på Flax Casino - September 1, 2026