Dr Bhanu Pratap Singh
92वें जन्मोत्सव पर दादाजी ने डॉ. भानु प्रताप सिंह को दिया Interview
जन्मदिन मनाने के लिए देश भर के हजारों सत्संगी आगरा पहुंचे
राधास्वामी मत के आदि केन्द्र हजूरी भवन पीपल मंडी में जमावड़ा
Agra, Uttar Pradesh, India. राधास्वामी मत के वर्तमान आचार्य और पंचम संत सतगुरु दादाजी महाराज (प्रोफेसर अगम प्रसाद माथुर, पूर्व कुलपति आगरा विश्वविद्यालय) का 27 जुलाई को 92वां जन्मदिन है। दादाजी महाराज का जन्म 27 जुलाई, 1930 में हुआ था। वे आगरा विश्वविद्यालय के दो बार कुलपति और आगरा कॉलेज में इतिहास विभाग के अध्यक्ष रहे। दादाजी महाराज इतिहास, समाज, संस्कृति, धर्म, दर्शन, साहित्य के मर्मज्ञ हैं। वे कवि और लेखक भी हैं। उनकी अनेक पुस्तकें प्रकाशित हो चुकी हैं।
दादाजी महाराज का जन्मदिन मनाने के लिए देशभर के हजारों सतसंगी राधास्वामी मत के आदि केन्द्र हजूरी भवन, पीपल मण्डी, आगरा पहुंच गए हैं। सतसंग में भाग ले रहे हैं। मत्था टेक रहे हैं। सत्संगियों के आने का क्रम जारी है। यह तो हम जानते ही हैं कि हजूरी भवन में दिन में दो बार अखंड सत्संग चल रहा है। दादाजी के दैनिक प्रवचनों को सुनने के लिए हजारों लोग रोजाना आगरा पहुंचते हैं। जन्मदिवस विशेष अवसर है, इस कारण हर कोई दादाजी महाराज का दीदार करना चाहता है।
इस सबके बीच हमने दादाजी महाराज से 92वें जन्मोत्सव पर संक्षिप्त बातचीत की। दादाजी ने देश, समाज, धर्म आदि मुद्दों पर खुलकर बातचीत की। विवादित मुद्दों को उन्होंने टाला। live story time के माध्यम से अपने चाहने वालों के नाम एक संदेश भी प्रसारित किया है। प्रस्तुत है बातचीत के अंश-
डॉ. भानु प्रताप सिंहः दादाजी, आपके जन्मदिवस पर जो सत्संगी नहीं आ पा रहे हैं, उनके लिए क्या संदेश है?
दादाजी महाराजः सबके लिए संदेश प्रेम का है। सारी चिन्ताएं छोड़ दो, प्रेम और प्रतीत में लगो। मालिक के चरनों में प्यार करो। आपस में प्रेम का भाव रखो। देश की तरक्की काफी हुई है और होनी है। हमारा देश पीछे नहीं है। सामाजिक और आर्थिक सब क्षेत्रों में प्रगति की है। इसे बनाए रखना है। मैंने जमाना देखा है। जीवन के 92 वर्ष पूरे हुए हैं। हमने कुछ किया है। जो हमने किया है, वह याद रखना चाहिए। सब आपस में प्यार से रहें। मैं एक ही बात कहना चाहता हूँ कि मैंने तो अपने जमाने में देश से प्यार किया है और आज भी देश से प्यार करता हूँ और आप सबसे कहता हूँ कि देश से प्यार करो।
डॉ. भानु प्रताप सिंहः कुछ लोग धार्मिक माहौल बिगाड़ने का प्रयास कर रहे हैं?
दादाजी महाराजः ये लोग कभी भी सफल नहीं होंगे। ऐसी बातें नहीं करनी चाहिए। सब ठीक होगा।
डॉ. भानु प्रताप सिंहः आजादी का अमृत महोत्सव मनाया जा रहा है, देश को आजाद हुए 75 वर्ष होने जा रहे हैं?
दादाजी महाराजः मैंने 75 साल पूरे देखे हैं। जब आजादी मिली, मैं पढ़ता था। मैं जानता हूँ कि देश ने महत्वपूर्ण प्रगति की है। आपस में मेल आवश्यक है और अगर ये नहीं होता तो आजादी बनी नहीं रहती है। आजादी ऐसे ही बनी रहेगी।
डॉ. भानु प्रताप सिंहः देश और प्रदेश की प्रगति के लिए क्या नरेन्द्र मोदी और योगी आदित्यनाथ आवश्यक हैं?
दादाजी महाराजः मैं व्यक्तिगत बातों पर नहीं जाता हूँ लेकिन इतना जानता हूँ कि प्रगति हो रही है और होगी।
डॉ. भानु प्रताप सिंहः धर्म का प्रवाह कुछ रुका है, ऐसा लगता है क्या?
दादाजी महाराजः धर्म का प्रभाव न रुका है और न ही रुकेगा। धर्म ही तो हमारी धरोहर है, उसी से तो देश टिका हुआ है और उसी से देश टिका रहेगा। संकीर्णता नहीं होना चाहिए।
डॉ. भानु प्रताप सिंहः कुछ लोग बम विस्फोट करके धर्म को आगे बढ़ाना चाहता हैं?
दादाजी महाराजः झगड़े-फसाद, लड़ाई हमारे देश की परंपरा नहीं है। इसलिए हमको आपस में एकदूसरे के प्रति बहुत प्यार और सहनशीलता के साथ रहना चाहिए। छोटी-छोटी बातों पर आपस में लड़ाई करना शोभा नहीं देता है। मैंने देश को आजाद होते हुए देखा है। हमारा देश महान रहेगा। हम महान देश के बालक हैं, जो देश के प्रति समर्पित हैं और हर क्षण देश की भलाई चाहते हैं।
डॉ. भानु प्रताप सिंहः आप भी तो देश और धर्म की धरोहर हैं?
दादाजी महाराजः मैं तो इस देश का हूँ, देश प्यारा है और प्यारा रहेगा। कोई भी देश का कुछ बिगाड़ नहीं सकता है।
डॉ. भानु प्रताप सिंहः जब से आपने सार्वजनिक कार्यक्रमों में जाना बंद किया है, तब से नेताओं को खरी-खरी कोई नहीं सुनाता है?
दादाजी महाराजः अब बुढ़ापा हो गया। अब तुम लोग करो। खरी कहो।
डॉ. भानु प्रताप सिंहः सब नेताओं से डरते हैं?
दादाजी महाराजः मैं किसी से नहीं डरा और सबको ठीक किया।

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