लखनऊ में हिंदु युवा वाहिनी के मंडल प्रभारी धीरेंद्र प्रताप सिंह की गोली मारकर हत्या, दुबग्गा में नहर के पास मिला शव

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​लखनऊ। उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में हिंदू युवा वाहिनी के मंडल प्रभारी धीरेंद्र प्रताप सिंह की गोली मारकर हत्या किए जाने का एक बेहद सनसनीखेज मामला सामने आया है। मूल रूप से उन्नाव जिले के फतेहपुर चौरासी थाना क्षेत्र के राजेपुर गांव के रहने वाले और वर्तमान में लखनऊ के पीजीआई इलाके में रह रहे धीरेंद्र प्रताप सिंह पिछले कुछ दिनों से संदिग्ध परिस्थितियों में लापता थे। लापता होने के तीन दिन बाद उनका शव दुबग्गा थाना क्षेत्र के सराय प्रेम राज गांव के पास किसान पथ के नजदीक एक नहर के पास से बरामद किया गया है। प्रारंभिक जांच में आशंका जताई जा रही है कि बदमाशों ने उनकी हत्या कर शव को इस सुनसान इलाके में ठिकाने लगाया है।

​फॉर्च्यूनर गाड़ी के अंदर मारी गई गोली

प्राप्त शुरुआती जानकारियों के मुताबिक, हिंदूवादी नेता धीरेंद्र प्रताप सिंह की हत्या उनकी अपनी ही फॉर्च्यूनर एसयूवी गाड़ी के भीतर गोली मारकर की गई है। आरोप है कि अपराधियों ने गाड़ी के अंदर ही उन्हें मौत के घाट उतार दिया और इसके बाद उनके शव को उसी वाहन से ले जाकर दुबग्गा इलाके में नहर के पास फेंक दिया गया। घटना की भनक लगते ही स्थानीय पुलिस और उच्च अधिकारी फौरन भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंच गए और घटनास्थल की बैरिकेडिंग कर साक्ष्य जुटाने का काम शुरू कर दिया। पुलिस इस बात की गहराई से छानबीन कर रही है कि इस खौफनाक वारदात को किस तरह और किन लोगों द्वारा अंजाम दिया गया है।

​जमीन की रंजिश और ड्राइवर की भूमिका पर शक

इस हाई-प्रोफाइल हत्याकांड के पीछे मुख्य वजह जमीन का कोई पुराना विवाद होने की आशंका जताई जा रही है। पुलिस अधिकारियों का कहना है कि शुरुआती तफ्तीश जमीन की रंजिश के इर्द-गिर्द घूम रही है, हालांकि हत्या के असली कारणों का आधिकारिक खुलासा अभी बाकी है। इसके अलावा, इस पूरी घटना में मृतक के ड्राइवर की भूमिका भी गंभीर रूप से पुलिस के जांच के दायरे में आ गई है। पुलिस को इस बात का शक है कि ड्राइवर ने कथित तौर पर विरोधी गुटों के साथ मिलकर इस हत्या की साजिश रची होगी या इसमें सहयोग किया होगा।

​गौर करने वाली बात यह है कि सुरक्षा के मद्देनजर धीरेंद्र प्रताप सिंह के साथ दो सरकारी गनर तैनात किए गए थे, लेकिन घटना के वक्त उनमें से एक गनर की तबीयत खराब होने के कारण वह ड्यूटी पर नहीं था, जबकि दूसरा गनर अवकाश पर चल रहा था। इसी का फायदा उठाकर इस वारदात को अंजाम दिए जाने की बात सामने आ रही है।

परिवार में मचा कोहराम, पुलिस जांच तेज

हत्या की इस दर्दनाक खबर के सामने आते ही उन्नाव से लेकर लखनऊ तक उनके परिवार, परिचितों और हिंदू युवा वाहिनी के कार्यकर्ताओं में कोहराम मच गया और भारी आक्रोश व्याप्त हो गया। लखनऊ पुलिस कमिश्नरेट ने मामले की गंभीरता को देखते हुए कई विशेष टीमों का गठन कर दिया है जो वारदात से जुड़े सभी साक्ष्यों, कॉल डिटेल्स और तकनीकी सर्विलांस की मदद से आरोपियों की सुरागकशी में जुटी हैं। पुलिस का दावा है कि जल्द ही सभी आरोपियों को बेनकाब कर पूरे मामले का पर्दाफाश किया जाएगा।

Dr. Bhanu Pratap Singh