हिम्मत है तो अपने गुरु को बचा लें अखिलेश-राहुल…अविमुक्तेश्वरानंद के खिलाफ आशुतोष ब्रह्मचारी का सीधा प्रहार

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​प्रयागराज: शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद पर पॉक्सो एक्ट के तहत केस दर्ज कराने वाले शाकुंभरी पीठाधीश्वर आशुतोष ब्रह्मचारी ने अब इस मामले को राजनीतिक युद्ध में बदल दिया है। प्रयागराज के पीडब्ल्यूडी गेस्ट हाउस में प्रेस कॉन्फ्रेंस करते हुए आशुतोष ने विपक्षी नेताओं को खुली चुनौती दी। उन्होंने कहा, “सपा अध्यक्ष अखिलेश यादव और कांग्रेस नेता राहुल गांधी में यदि हिम्मत है, तो वे आकर अपने गुरु को बचा लें।”

​लैपटॉप में ‘पाप’ का सबूत होने का दावा

आशुतोष ब्रह्मचारी ने मीडिया के सामने एक लैपटॉप दिखाते हुए दावा किया कि इसमें जघन्य अपराधों के डिजिटल साक्ष्य मौजूद हैं। उन्होंने कहा, “इस लैपटॉप में नाबालिग बटुकों और महिलाओं के साथ हुए यौन शोषण के फोटो और वीडियो रिकॉर्डिंग सुरक्षित हैं।” उनके मुताबिक, करीब 20 लड़के और कई महिलाएं इस प्रताड़ना का शिकार हुई हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि आश्रम के स्वीमिंग पूल जैसे स्थानों पर अनैतिक कृत्य होते थे और अब साक्ष्यों को मिटाने की साजिश रची जा रही है।

​नेताओं और VIP कनेक्शन पर सवाल

शिकायतकर्ता ने मामले में गंभीर राजनीतिक संलिप्तता का भी आरोप लगाया। आशुतोष ने सवाल उठाया कि शंकराचार्य के शिविर में सपा और कांग्रेस के कद्दावर नेताओं का आना-जाना क्यों लगा रहता था? उन्होंने जाँच की माँग की कि क्या ये नेता भी इन कुकर्मों में शामिल थे। इसके साथ ही, उन्होंने एक डिप्टी सीएम पर भी निशाना साधा और कहा कि शंकराचार्य के धरने को एक उपमुख्यमंत्री का समर्थन प्राप्त था, लेकिन सुरक्षा कारणों से उन्होंने नाम उजागर नहीं किया।

घोटाले और सह-आरोपियों का कच्चा चिट्ठा

आशुतोष ब्रह्मचारी ने यौन शोषण के साथ-साथ आश्रम में 3 से 4 करोड़ रुपये के घोटाले का भी आरोप लगाया है। उन्होंने अविमुक्तेश्वरानंद के शिष्य मुकुंदानंद और मठ के सीईओ प्रकाश उपाध्याय को सीधे तौर पर बच्चों के शोषण में शामिल बताया। पुलिस फिलहाल झूंसी थाने में दर्ज इस पॉक्सो केस की गहराई से विवेचना कर रही है।

Dr. Bhanu Pratap Singh