टिकटॉक ने कहा है कि वह उस ‘असंवैधानिक’ क़ानून को अदालत में चुनौती देगा, जिसके परिणामस्वरूप उसे अमेरिका में प्रतिबंधित किया जा सकता है.
राष्ट्रपति जो बाइडन ने एक विधेयक पर हस्ताक्षर किए हैं, टिकटॉक के मालिकाना हक वाली चीनी कंपनी बाइट डांस को नौ महीने का समय दिया गया है ताकि वह या तो इस ऐप से निवेश वापस ले ले या अमेरिका में प्रतिबंध झेले.
ये क़ानून उन चिंताओं के कारण लाया गया है कि शायद टिकटॉक यूज़र डेटा को चीन की सरकार के साथ साझा कर रहा है. हालांकि, चीनी कंपनी ने इस दावे को हमेशा ख़ारिज किया है.
टिकटॉक के बॉस शू ज़ी चू ने कहा, “हमें पूरा यकीन है और हम अदालत में अपने हक़ की लड़ाई लड़ते रहेंगे.”
उन्होंने कहा, “तथ्य और संविधान हमारे पक्ष में हैं…बाकी आप आश्वस्त रहें कि हम कहीं नहीं जा रहे.”
टिकटॉक पर जारी एक वीडियो में वह इस विधेयक पर जमकर बरसे और लोगों से अपनी कहानियां शेयर करने को कहा कि कैसे टिकटॉक ने उनके जीवन को सुधारा है.
उन्होंने कहा, “कोई गलती न करें, ये बैन है- टिकटॉक पर बैन और आप पर पाबंदी, आपकी आवाज़ पर पाबंदी.”
एक अलग बयान में टिकटॉक ने कहा है, “सच ये है कि हमने अमेरिका के डेटा को सुरक्षित रखने के लिए अरबों डॉलर निवेश किए हैं और हमारा प्लेटफॉर्म किसी भी तरह के दबाव से मुक्त है.”
-एजेंसी
- आगरा के SN मेडिकल कॉलेज के डॉक्टरों का कमाल: चार वर्षीय मासूम की भोजन नली में पांच दिन से फंसे ₹5 के सिक्के को एंडोस्कोपी से निकाला बाहर - September 19, 2026
- फतेहपुर सीकरी में श्मशान घाट को लेकर उपजा विवाद: टीन शेड डलवाने को लेकर हुए धरने-प्रदर्शन के बाद सांसद राजकुमार चाहर के हस्तक्षेप से निकला समाधान - September 19, 2026
- महाराष्ट्र TET पेपर लीक मामले में बड़ा खुलासा: आगरा की प्रिंटिंग प्रेस से जूतों के सोल में छिपाकर निकाले गए थे प्रश्नपत्र, 3500 पन्नों की चार्जशीट दाखिल - September 19, 2026