तुर्की के इस्तांबुल स्थित सऊदी अरब के वाणिज्य दूतावास में मारे गए पत्रकार जमाल ख़ाशोज्जी की पत्नी हनान इलात्र को अमेरिका में राजनीतिक शरण मिल गई है. अमेरिकी खुफ़िया एजेंसी का मानना रहा है कि अक्टूबर 2018 में हुई जमाल खाशोज्जी की हत्या के पीछे सऊदी अरब का हाथ था.
ख़ाशोज्जी की पत्नी हनान इलात्र को अपनी सुरक्षा का डर था और वो अमेरिका में शरण पाने के लिए वर्क परमिट पर अगस्त 2020 में अमेरिका आईं. इस संबंध में प्राप्त जानकारी के अनुसार उन्हें अनिश्चितकालीन शरण दे दी गई है.
हनान इलात्र ने कहा, “हम जीत गए. हां, उन्होंने जमाल की जान ले ली और उन्होंने मेरी ज़िंदगी बर्बाद कर दी, लेकिन हम जीत गए.”
हनान इलात्र को अमेरिका में राजनीतिक शरण के लिए आवेदन किए हुए तीन साल से अधिक समय हो गया था.
उन्होंने कहा है कि अगर वो मिस्र (जहां वो रहती हैं) या संयुक्त अरब अमीरात, जहां उनका 25 साल पुराना घर है, वहां वापस लौटतीं तो उनका जीवन ख़तरे में रहता.
एमिरेट्स एयरलाइन की पूर्व फ्लाइट अटेंडेंट हनान इलात्र कहती हैं कि जब वो अमेरिका आईं तो कई महीनों तक अपनी सुरक्षा को लेकर डरी-सहमी रहीं. सबसे पहले वो मैरीलैंड में रहीं.
एक साक्षात्कार में उनके वकील रांडा फाहमी ने बताया कि उन्होंने अपनी नौकरी और जिंदगी दोनों छोड़ दी.
आख़िरकार अमेरिका में उन्हें अक्टूबर 2021 में वर्क परमिट मिल गया. हनान इलात्र के पास अब एक नौकरी और अपार्टमेंट है.
-एजेंसी
- ’माफिया और मच्छर की तरह इंसेफेलाइटिस भी हुआ समाप्त’: सीएम योगी बोले— नए गोरखपुर और नए उत्तर प्रदेश का हो रहा दर्शन - September 17, 2026
- पेट्रोल पंपों पर बढ़ सकता है कैश का चलन: 2000 रुपये से अधिक के यूपीआई भुगतान पर 5 रुपये एमडीआर के विरोध में डीलरों ने दी चेतावनी - September 16, 2026
- Agra News: सफाई कर्मचारियों की समस्याओं को लेकर महापौर से मिला सेनेटरी सुपरवाइजर संघ, वेतन विसंगतियों और ईएसआई कार्ड न मिलने पर जताया रोष - September 16, 2026