कैंसर एक घातक और जानलेवा बीमारी है जिसके कई प्रकार हैं। चिंता की बात यह है कि कैंसर का हर प्रकार खतरनाक हैं। हालांकि कैंसर के लक्षणों को सही समय पर पहचान कर सही इलाज में मदद मिल सकती है। कैंसर का एक प्रकार ब्रेस्ट कैंसर भी है, जो भारत में तेजी से फैल रहा है। एक रिपोर्ट के मुताबिक साल 2022 में ब्रेस्ट कैंसर के करीब 20 लाख केस सामने आए।
ब्रेस्ट कैंसर का इलाज क्या है?
रिपोर्ट के अनुसार ब्रेस्ट कैंसर का बेहतर इलाज संभव है अगर इसके लक्षणों की सही समय पर पहचान हो जाए और सही तरह निदान होता रहे। इसके इलाज में कई तरह की दवाएं, रेडिएशन थेरेपी और सर्जरी आदि शामिल हैं जिनका डॉक्टर लक्षणों की गंभीरता देखकर चयन करते हैं।
ब्रेस्ट कैंसर का घरेलू इलाज?
ब्रेस्ट कैंसर के कई लक्षण हैं और लक्षणों की गंभीरता कम करने के लिए आप दवाओं के साथ कुछ घरेलू या प्राकृतिक उपचार भी आजमा सकते हैं। ब्रेस्ट कैंसर का एक जबरदस्त प्राकृतिक उपचार गुड़हल का फूल भी है। चलिए जानते हैं कि गुड़हल का फूल किस तरह ब्रेस्ट कैंसर के इलाज में सहायक हो सकता है।
मेटास्टैटिक ब्रेस्ट कैंसर के इलाज के लिए कई मेडिकल इलाज मौजूद हैं जिनके कई साइड इफेक्ट्स भी हैं। ऐसे उपचार लंबे समय तक इस्तेमाल के लिए सही नहीं हैं। इसके उलट नेचुरल चीजें स्वास्थ्य के लिए लिहाज से बेहतर साबित हो सकती हैं। ब्रेस्ट कैंसर के इलाज के लिए ऐसी ही एक नेचुरल चीज गुड़हल का फूल है।
गुड़हल फूल का रस है असरदार
शोधकर्ताओं का मानना है कि नेचुरल चीजें स्वास्थ्य पर साइड इफेक्ट्स नहीं डालती हैं। गुड़हल के फूल का रस लंबे समय तक खपत के लिए सुरक्षित है और इसे औषधीय रूप से सक्रिय माना गया है जिसमें कई बायोएक्टिव यौगिक शामिल हैं, जो कैंसर में कई कमजोरियों को निशाना बना सकते हैं।
गुड़हल के फूल में एंटीकैंसर गुण
गुड़हल के फूल के रस में एंटीऑक्सिडेंट और हाइपोलिपिडेमिक प्रभावों के कारण कई औषधीय और एंटीकैंसर गुण पाए गए हैं। शोधकर्ताओं ने यह भी माना है कि गुड़हल के फूल के रस से ब्रेस्ट कैंसर का पूरी तरह इलाज नहीं हो सकता लेकिन इसका इस्तेमाल कैंसर के अन्य इलाज के साथ हो सकता है और उनके साइड इफेक्ट्स को कम करने में मदद मिल सकती है।
कैंसर सेल्स के खिलाफ प्रभावी
शोधकर्ताओं ने ब्रेस्ट कैंसर के इलाज में गुड़हल फूल के रस के असर पर अध्ययन किया। उन्होंने पाया कि गुड़हल का रस ब्रेस्ट कैंसर वाली ट्रिपल-नेगेटिव और एस्ट्रोजेन-रिसेप्टर पॉजिटिव सेल्स के खिलाफ असरदार हो सकता है अगर इसे खुराक के साथ लिया जाए।
कैसे करें गुड़हल फूल के रस का इस्तेमाल
शोधकर्ताओं ने पाया है कि गुड़हल का रस ब्रेस्ट कैंसर पर प्रभावी है। इसका इस्तेमाल करने के लिए वैज्ञानिकों ने गुड़हल के फूलों को पीसकर बारीक पाउडर बना लिया था। उसके बाद उसे उबाल लिया और ठंडा होने के बाद छानकर इस्तेमाल किया। ध्यान रहे कि आपको खुद इसका इस्तेमाल नहीं करना चाहिए। इसके लिए आपको किसी डॉक्टर की सलाह लेनी चाहिए।
डिस्क्लेमर: यह लेख केवल सामान्य जानकारी के लिए है। यह किसी भी तरह से किसी दवा या इलाज का विकल्प नहीं हो सकता। ज्यादा जानकारी के लिए हमेशा अपने डॉक्टर से संपर्क करें।
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