भारतीय प्रतिभूति एवं विनियम बोर्ड SEBI ने वित्तीय विवरणों में कथित हेराफेरी को लेकर सिक्योर क्लाउड टेक्नोलॉजीज लिमिटेड और तीन व्यक्तियों को प्रतिभूति बाजार से प्रतिबंधित कर दिया है।
बाजार नियामक ने सुरेश वेंकटचारी, आरएस रमानी और गुरुमूर्ति जयरामन पर सेबी में पंजीकृत किसी भी संस्था या कंपनी के साथ जुड़ने पर अगले आदेश तक रोक लगा दी है।
सेबी की तरफ से पारित 76 पृष्ठ के आदेश के अनुसार तीनों व्यक्तियों को धन जुटाने का इरादा रखने वाली किसी भी सूचीबद्ध सार्वजनिक कंपनी के निदेशक या प्रवर्तक के रूप में कार्य करने से भी प्रतिबंधित कर दिया गया है।
सेबी ने कंपनी के प्रवर्तकों और प्रबंधन द्वारा अनियमितताओं और उसके वैधानिक लेखा परीक्षक, डेलॉइट हास्किन्स एंड सेल्स के इस्तीफे जैसी कुछ शिकायतों के बाद में एक जांच शुरू की थी।
नियामक ने वित्त वर्ष 2017-18 से 2020-21 की अवधि के लिए कंपनी के खिलाफ जांच शुरू की और इस दौरान वित्तीय विवरण या जानकारी में हेराफेरी पायी।
सेबी के पूर्णकालिक सदस्य अश्वनी भाटिया ने आदेश में कहा, “प्रथम दृष्टया कंपनी के बही-खातों में बड़े पैमाने पर गड़बड़ी दिखाते हैं। कंपनी फर्जी और हेरफेर वाले वित्तीय विवरण जारी कर रही है, जिसमें बढ़ा हुआ राजस्व या लाभ दिखाया गया है।”
- शासन भी मेरा, प्रशासन भी मेरा…पुलिस चौकी के अंदर BJP नेत्री ने युवक को पीटा, FIR दर्ज; यूपी के सुल्तानपुर का वीडियो वायरल - July 9, 2026
- उद्घाटन से पहले लखनऊ-कानपुर एक्सप्रेसवे धंसने के सवाल पर बोले योगी सरकार के मंत्री – आप अपने आप सड़क बना लो… - July 9, 2026
- राम मंदिर चढ़ावा विवाद: ट्रस्ट का बड़ा एक्शन, चंपत राय और अन्य निष्कासित सदस्यों के वीआईपी पास जारी करने के अधिकार खत्म - July 9, 2026