Mathura (Uttar Pradesh, India)। मथुरा। प्रोजेक्ट आत्मनिर्भर के क्रियेटर और युवा उद्योगपति एवं समाजसेवी रंजीत महेश पाठक चतुर्वेदी ने नए साल का आरम्भ मथुरा के सिविल लाइन्स स्थित राजकीय शिशु बाल गृह के बच्चों के साथ किया। कोरोना काल से ही समाजसेवा में निरंतर लगे हुए उद्योगपति रंजीत पाठक यमुना शुदिकरण के साथ-साथ अब बेसहारा अनाथ बच्चों के भविष्य को साजने संवारने का बीड़ा उठाया है।
हर व्यक्ति को नये साल में संकल्प लेना चाहिए, जरूरतमंदों की मदद करें
राजकीय शिशु बाल गृह के बच्चों के पीड़ा भाव को ध्यान में रखते हुए उद्योगपति रंजीत पाठक ने नववर्ष के उपलक्ष्य में अपनी पत्नी सोनम चतुर्वेदी के साथ सिविल लाइन्स मथुरा स्थित राजकीय शिशु बाल गृह पहुंचे और वहां रहने वाले नन्हे मुन्हे बच्चों को उनकी जरूरी वस्तु प्रदान की जिसमें खिलौने, भोजन की प्लेट, कप, ग्लास, गर्म कपड़े, जूते-मोजे, टोपी, चादरें, दवाईयाँ, बच्चों के पढ़ने के लिए कॉपी-किताबें, नवजात शिशुओं के लिए स्टॉलर भी दिये जिससे कि उन्हें चलने में सहायता मिले, उन्होंने इस मौके पर यह बताया कि हर व्यक्ति को नये साल में संकल्प लेना चाहिए कि अपनी क्षमता अनुसार जरूरतमंदों की मदद करें जिससे कि समाज और देश में एक सकारात्मक माहौल बना रहे।
नन्हे मुन्हे बच्चों को एक बेहतर शिक्षा, सुख सुविधा प्रदान कर सकें
इस मौके पर उन्होंने सरकार से यह अपील की पीपीपी मॉडल के तहत स्थानीय राजकीय शिशु बाल गृह को प्रोजेक्ट आत्मनिर्भर के बैनर तले गोद देने की प्रकिया में सहायता प्रदान करे जिससे कि इन नन्हे मुन्हे बच्चों को एक बेहतर शिक्षा, सुख सुविधा प्रदान कर सकें और जिससे इनके भविय को सुनहरा बनाया जा सके। इस दौरान टीम प्रोजेक्ट आत्मनिर्भर के सचिन चतुर्वेदी, रोहित चतुर्वेदी, आयुष चतुर्वेदी मौजूद रहे।
- सच्चाई, सेवा और ईमानदारी की राह पर चलने का मिला प्रतिफल: आगरा में पंजाबी सभा के मीडिया प्रभारी सम्मानित - August 15, 2026
- विभाजन के दर्द और विस्थापित परिवारों के त्याग को याद कर भावुक हुए लोग: पंजाबी सभा आगरा महानगर की अनूठी पहल - August 15, 2026
- आगरा जिला कारागार में स्वतंत्रता दिवस पर अनूठी पहल: समाजसेवी पुष्कल गुप्ता के सहयोग से तीन सिद्धदोष बंदी हुए रिहा - August 15, 2026