रैली आयोजित करने की दिल्ली पुलिस से मिली सशर्त अनुमति के बाद आज रामलीला मैदान में किसानों का जममावड़ा हुआ है. रैली आयोजित करने के लिए पुलिस ने इस शर्त पर मंजूरी दी थी कि रैली में 5,000 से अधिक लोग नहीं जुटेंगे, आयोजन स्थल तक कोई ट्रक या ट्रॉली नहीं ले जाई जाएगी और न ही मैदान में कोई मार्च किया जा सकेगा.
इसके बाद रामलीला मैदान में आज किसान जुटे हैं और अपनी मांगों के समर्थन में जनसभा कर रहे हैं.
समाचार एजेंसी पीटीआई के अनुसार ‘किसान मज़दूर महांपचायत’ नाम के इस सम्मेलन में किसानों ने खेती से संबंधित केंद्र की बीजेपी सरकार की नीतियों का विरोध करते हुए सरकार के विरोध में नारे लगाए हैं.
तीन कृषि क़ानूनों के विरोध में साल 2020-21 में दिल्ली बॉर्डर पर किसानों के हुए प्रदर्शन का नेतृत्व करने वाले ‘संयुक्त किसान मोर्चा’ (एसकेएम) ने बताया है कि किसान मज़दूर महापंचायत में केंद्र सरकार की नीतियों के ख़िलाफ़ लड़ाई तेज़ करने का प्रस्ताव पारित किया जाएगा.
-एजेंसी
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