पाकिस्तान ने भारत पर अपने नागरिकों की हत्या करने का बेबुनियाद आरोप लगाया है। पाकिस्तान ने गुरुवार को दावा किया कि उसके पास पाकिस्तानी धरती पर उसके दो नागरिकों की हत्या में भारतीय एजेंटों के संबंध के कथित तौर पर “विश्वसनीय सबूत” हैं। पाकिस्तानी विदेश सचिव साइरस काजी ने इस्लामाबाद में एक संवाददाता सम्मेलन के दौरान कहा, “ये भाड़े के बदले हत्या के मामले हैं जो पूरी दुनिया के कई न्यायक्षेत्रों में फैले हुए हैं। पाकिस्तानी विदेश सचिव ने इसे भयावह करार देते हुए आरोप लगाया कि ये हत्याएं दूसरे के न्यायक्षेत्र में की गई हैं।
भारतीय एजेंट पर लगाया पाकिस्तानियों की हत्या का आरोप
साइरस काजी ने दावा किया कि ‘भारतीय एजेंटों’ ने पाकिस्तान में हत्याएं करने के लिए विदेशी धरती पर प्रौद्योगिकी और सुरक्षित पनाहगाहों का इस्तेमाल किया। उन्होंने यह भी कहा, “उन्होंने (भारत) इन हत्याओं में परिभाषित भूमिका निभाने के लिए अपराधियों, आतंकवादियों और संदिग्ध नागरिकों की भर्ती की, पैसे दिए और उनका समर्थन किया।” पाकिस्तानी विदेश सचिव ने भारतीय मीडिया के खिलाफ भी जमकर जहर उगला। उन्होंने भारत के दुश्मनों के मारे जाने पर भारतीय मीडिया की रिपोर्टिंग की आलोचना की।
ISIS तक पहुंच गए पाकिस्तानी विदेश सचिव
पाकिस्तान के पढ़े-लिखे विदेश सचिव इतने पर ही नहीं रूके। उन्होंने दावा किया कि भारत ने सोशल मीडिया के जरिए हत्यारों की भर्ती की थी। इसके लिए प्रतिभाओं को खोजने के लिए आईएसआईएस के नकली सोशल मीडिया अकाउंट्स का इस्तेमाल किया गया था। उन्होंने दावा किया कि फाइनेंसरों, लोकेटरों और हत्यारों की टीमों के काम के साथ ऑपरेशन के अलग-अलग घटकों को जिम्मेदारियां सौंपी गई थी।
पाकिस्तान का मकसद क्या है
पाकिस्तान में हाल में ही आम चुनाव होने हैं। हर बार की तरह इस बार भी सबसे बड़ा मुद्दा भारत ही है। ऐसे में भारत के साथ दुश्मनी को चरम पर पहुंचाकर सत्ताधारी पार्टियां चुनावी फायदा ढूंढ रही हैं। अभी एक दिन पहले ही पाकिस्तानी सेना प्रमुख जनरल असीम मुनीर ने भारत के साथ संबंधों को सुधारने को सिरे से खारिज कर दिया था। पाकिस्तान को उम्मीद है कि इन आरोपों में उसकी मदद कनाडा और अमेरिका जैसे देश कर सकते हैं, जिन्होंने कुछ ऐसे ही आरोप भारत के खिलाफ लगाए हैं। पर पाकिस्तान यह नहीं जानता है कि इन दोनों देशों का काम भारत के बिना नहीं चल सकता।
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