आइजोल। मिजोरम में इनर लाइन परमिट (आईएलपी) के बिना अवैध रूप से राज्य में प्रवेश करने के आरोप में 1,000 से अधिक लोगों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने यह जानकारी दी। पुलिस और प्रभावशाली नागरिक समाज संगठन यंग मिजो एसोसिएशन के स्वयंसेवकों द्वारा मंगलवार की रात संयुक्त रूप से चलाए गए विशेष अभियान के दौरान 1,000 से अधिक लोगों को गिरफ्तार किया गया।
मिजोरम में प्रवेश करने के लिए आईएलपी की होती है जरुरत
बंगाल ईस्टर्न फ्रंटियर रेगुलेशन, 1873 के प्रावधानों के अनुसार, अन्य राज्यों के लोगों को एक निर्दिष्ट अवधि के लिए मिजोरम में प्रवेश करने और रहने के लिए आईएलपी की आवश्यकता होती है। एक पुलिस अधिकारी ने कहा कि अन्य राज्यों के छह नाबालिगों सहित कुल 1,187 लोगों के पास आईएलपी नहीं था।
पुलिस ने दी ये जानकारी
उन्होंने बताया कि सबसे ज्यादा 1,065 गिरफ्तारियां आइजोल में की गईं, जबकि लुंगलेई, चम्फाई, सैतुअल और सेरछिप समेत अन्य जिलों में 122 लोगों को गिरफ्तार किया गया। अधिकारी ने कहा कि उल्लंघनकर्ताओं को आगे की कार्रवाई के लिए संबंधित पुलिस थानों में भेज दिया गया है।
क्या होता है आईएलपी?
बता दें कि दूसरे राज्यों के लोगों को मिजोरम में एंट्री के लिए इनर लाइन पास (आईएलपी) की आवश्यकता होती है। इसे मिजोरम सरकार के संपर्क अधिकारी से निम्नलिखित शहरों- कोलकाता, सिलचर, शिलांग, गुवाहाटी और नई दिल्ली से प्राप्त किया जा सकता है। आवेदकों द्वारा ऑनलाइन आवेदन राज्य गृह विभाग की मंजूरी के बाद प्राप्त किए जा सकते हैं और निर्धारित शुल्क ऑनलाइन भुगतान के बाद डाउनलोड किए जा सकते हैं।
– एजेंसी
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