Vitamin C एक महत्वपूर्ण पोषक तत्व है जो शरीर को कई बीमारियों से बचाने में मदद करता है। जानिए कि Vitamin C शरीर को किस तरह लाभ पहुंचाता है और ये क्यों जरूरी है।
Vitamin C एक महत्वपूर्ण पोषक तत्व है जो स्वास्थ्य के लिए बहुत जरूरी होता है। ये हड्डियों, त्वचा और रक्त वाहिकाओं के गठन और उन्हें स्वस्थ बनाए रखने में मदद करता है। कुछ खाद्य पदार्थों खासतौर पर फल और सब्जियों में विटामिन सी प्राकृतिक रूप से पाया जाता है। विटामिन सी सप्लीमेंट के रूप में भी आता है।
विटामिन सी को एल-एस्कोर्बिक एसिड, एस्कोर्बिक एसिड या एल-एस्कोर्बेट भी कहा जाता है।
विटामिन सी क्या काम करता है
विटामिन जिसमें विटामिन सी भी शामिल है एक ऑगेर्निक यौगिक हैं। विटामिन सी पानी में घुलनशील होता है और शरीर इसे स्टोर करके नहीं रखता है। विटामिन सी के पर्याप्त स्तर को बनाए रखने के लिए मनुष्य को रोज विटामिन सी से युक्त खाद्य पदार्थों का सेवन करने की जरूरत होती है।
विटामिन सी शरीर में कई महत्वपूर्ण कार्य करता है जैसे कि कोलाजन, एल-कैरनिटिन और कुछ न्यूरोट्रांस्मीटर्स का उत्पादन करना। ये प्रोटीन को बचाने में भी मदद करता है और इसका एंटीऑक्सीडेंट प्रभाव कुछ प्रकार के कैंसर के खतरे को भी कम कर सकता है।
विटामिन सी कोलाजन बनाने में मदद करता है जो कि संयोजी ऊतकों का प्रमुख घटक है और स्तनपाई जीवों में प्रचुरता से पाया जाने वाला प्रोटीन है। 1 से 2 फीसदी मांसपेशीय ऊतक कोलाजन होता है। ये टेंडन, लिगामेंट, त्वचा, कॉर्निया, कार्टिलेज, हड्डियों, पेट और रक्त वाहिकाओं जैसे फाइब्रस ऊतकों का प्रमुख घटक है।
वर्ष 1942 में हुई एक रिसर्च में सामने आया था कि स्कर्वी रोग के मरीज में घाव भरने में ज्यादा समय लगता है। वहीं स्कर्वी रोग विटामिन सी की कमी के कारण होता है।
विटामिन सी अधिक लेने से घाव तेजी से भरता है। ऐसा इसलिए होता है क्योंकि विटामिन सी कोलाजन के उत्पादन में मदद करता है। विटामिन सी एक एंटीऑक्सीडेंट है जो ऊतकों को ठीक करने और सूजन एवं ऑक्सीडेंशन से होने वाले नुकसान को कम करता है।
विटामिन सी एक्यूट रेस्पिरेट्री संक्रमण को रोकने में भी मदद करता है। अध्ययनों में पाया गया है कि विटामिन सी टीबी के इलाज में भी मदद करता है।
विटामिन सी कैंसर के इलाज में मददगार है। विटामिन सी की अधिक खुराक को कुछ प्रकार के कैंसरकारी ऊतकों के विकास की गति को कम कर सकता है।
विटामिन सी की मात्रा कितनी होनी चाहिए
वयस्क पुरुषों को प्रतिदिन 90 मिग्रा विटामिन सी लेना चाहिए जबकि महिलाओं को 75 मिग्रा की जरूरत होती है। प्रेग्नेंसी के दौरान महिलाओं को दिन में 85 मिग्रा और स्तनपान करवाने वाली महिलाओं को 120 मि.ग्रा विटामिन सी की जरूरत होती है।
विटामिन सी के आहार
संतरे, हरी और लाल शिमला मिर्च, केला, ब्रोकली, पपीते, स्टॉबेरी, अनानास, कीवी और आम में विटामिन सी प्रचुरता में पाया जाता है।
विटामिन सी ह्रदय के स्वास्थ्य, एनीमिया के इलाज, कोलेस्ट्रोल लेवल को कम करने, मोतियाबिंद और डायबिटीज जैसी बीमारियों को कंट्रोल करने में भी विटामिन सी अहम भूमिका निभाता है।
स्वस्थ रहने के लिए विटामिन सी के साथ-साथ अन्य विटामिनों और खनिज पदार्थों का पर्याप्त मात्रा में सेवन करना जरूरी होता है। संतुलित आहार की मदद से शरीर में पोषक तत्वों की कमी को पूरा कर बीमारियों से बचा जा सकता है।
-एजेंसियां
- आगरा में अंतरराज्यीय मादक पदार्थ तस्करी का भंडाफोड़, क्रेटों के नीचे कट्टों में छिपाकर की जा रही थी तस्करी, पुलिस ने कैंटर से पकड़ा 51 लाख का 101 किलो गांजा - August 22, 2026
- एसजीपीजीआई लखनऊ की टीम ने परखीं व्यवस्थाएं: कल आगरा के एसएन मेडिकल कॉलेज में होगा ताजनगरी का पहला किडनी ट्रांसप्लांट - August 21, 2026
- आगरा में ज्वैलर्स ठगी का सनसनीखेज खुलासा: पुराने आभूषण खरीदने के बहाने सोने के कंगन लेकर भागे तीन शातिर गिरफ्तार - August 21, 2026