भारतीय ज्ञान परंपरा को मिलेगी नई दिशा: आगरा कॉलेज में स्थापित होगी ‘महाराजा अग्रसेन शोधपीठ’, उच्च शिक्षा मंत्री योगेंद्र उपाध्याय ने किया ऐलान

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आगरा: ताजनगरी के ऐतिहासिक आगरा कॉलेज में जल्द ही ‘महाराजा अग्रसेन शोधपीठ’ की गूँज सुनाई देगी। उत्तर प्रदेश सरकार के उच्च शिक्षा मंत्री योगेंद्र उपाध्याय ने लोहा मंडी स्थित महाराजा अग्रसेन भवन में आयोजित एक कार्यक्रम के दौरान इसकी औपचारिक घोषणा की। उन्होंने कहा कि महाराजा अग्रसेन का सामाजिक और आर्थिक मॉडल विश्व शांति और समृद्धि के लिए आज भी अत्यंत प्रासंगिक है।

​दर्शन, विचार और शोध का बनेगा केंद्र

उच्च शिक्षा मंत्री ने शोधपीठ के महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि भारतीय ज्ञान परंपरा ने सदैव विश्व का मार्गदर्शन किया है। महाराजा अग्रसेन के “सहयोग, सुधार और समर्पण” के सिद्धांतों को नई पीढ़ी तक पहुँचाने के लिए यह पीठ विशेषज्ञों के संवाद, व्याख्यान और गहन शोध कार्य आयोजित करेगी।

डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय से होगी संबद्धता

मंत्री ने बताया कि 100 साल से भी अधिक पुराने और 15 हजार छात्रों की क्षमता वाले आगरा कॉलेज में इस शोधपीठ की स्थापना की जाएगी। यह पीठ सीधे तौर पर डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय से संबद्ध रहेगी। इस मांग को लेकर विधायक पुरुषोत्तम खंडेलवाल और समाज के प्रतिनिधियों ने प्रस्ताव दिया था, जिस पर प्रमुख सचिव को कार्यवाही के निर्देश दे दिए गए हैं।

अग्रवाल समाज ने जताया आभार

इस घोषणा से ब्रज के अग्रवाल समाज में उत्साह का माहौल है। श्री अग्रवाल संघ की ओर से समाजसेवी गौरव बंसल के नेतृत्व में मंत्री योगेंद्र उपाध्याय का भव्य स्वागत और सम्मान किया गया। समाज के प्रतिनिधियों ने इसे अपनी सांस्कृतिक विरासत को सहेजने की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम बताया।

कार्यक्रम में विधायक पुरुषोत्तम खंडेलवाल, ओमस्वरूप गर्ग, अजय अवागढ़, दिनेश अग्रवाल सहित बड़ी संख्या में गणमान्य नागरिक और समाज के पदाधिकारी उपस्थित रहे।

Dr. Bhanu Pratap Singh