सबका सपना होता है घर हो अपना। इसी उद्देश को लेकर प्रत्येक वर्ष अक्टूबर माह के पहले सोमवार को संयुक्त राष्ट्र संघ के नेतृत्त्व में विश्व आवास दिवस मनाया जाता है। पहली बार वर्ष 1986 में मनाया गया था। विश्व आवास दिवस का आयोजन पहली बार केन्या की राजधानी नैरोबी में हुआ था। आज विश्व आवास दिवस 05 अक्टूबर 2020 को विश्व भर में मनाया जाएगा। आज आवास दिवस पर हमारे शहरों, कस्बों की स्थिति पर प्रकाश डाला जाता है और सभी को आवास प्रदान करने की आवश्यकता पर भी बल दिया जाता है। जिसके माध्यम से शहरीकरण की वजह से गरीबी तथा पर्यावरण की समस्या के प्रभाव को आँकलन किया जाता है। यह दिवस विश्व के सभी देशों को अपने शहरों तथा महानगरों को भविष्य में सुनियोजित तरीके से बदलने तथा बसाने की जिम्मेदारी याद दिलाता है।
UN द्धारा संचारित एंजेंसी के मुताबिक, दुनिया में बेहद गंभीर आवास संकट है, 1.6 बिलियन लोग घटिया आवास योजना में रह रहे हैं और लगभग 100 मिलियन लोग बिना घर के रह रहे हैं यानि दुनिया में झुग्गी निवासियों की संख्या लगातार तेजी से बढ़ रही है। ऐसे में विश्व पर्यावास दिवस का उद्देश्य विभिन्न देशों की सरकारों का गरीब लोगों के लिए पर्याप्त आवास की आवश्यकताओं की ओर ध्यान आकर्षित करना है। बेघर लोगों की परेशानियों, तेजी से शहरीकरण के मुद्दों और इसके आसपास के वातावरण और मानव गरीबी, पर इसका प्रभाव देखा का आकलन करने के लिए भी आवास दिवस मनाया जाता है।
वैश्विक आवास दिवस की प्रमुख घोषणाएं
1. पूरी दुनिया में बेहतर आवास की आवश्यकता पर वैश्विक स्तर पर ध्यान देना और सहयोग करना।
2. हर जगह किफायती और पर्याप्त आवास की प्राथमिकता साझा करना।
3. गरीब लोगों के लिए आवास बनाने वाले व्यक्ति की नीतियों और दृष्टिकोण सहित प्रणालियों में सकारात्मक बदलाव लाने की पहल करना।
4. राज्यों और कस्बों को प्रतिबिंबित करने और पर्याप्त आश्रय के लिए बुनियादी मानव अधिकारों पर ध्यान देना।
5. भावी पीढ़ी के आवास के लिए संयुक्त जिम्मेदारी के बारे में दुनिया भर में जागरूकता बढ़ाना।
भारत में भी सबके लिए आवास उपलब्ध कराने के लिए वर्ष 2015 में भारत सरकार द्वारा प्रधानमंत्री आवास योजना आरंभ की गई, जिसका उद्देश्य नगरों में रहने वाले निर्धन लोगों को उनकी कमजोर आर्थिक स्थिति के अनुकूल घर प्रदान करना है। प्रधानमंत्री आवास योजना केंद्र सरकार द्वारा संचालित योजना का उद्देश्य 2022 तक सभी को अपना घर का सपना हो पूरा करना है | इस के लिए सरकार 20 लाख घरों का निर्माण करवाएगी जिनमें से 18 लाख घर झुग्गी –झोपड़ी वाले इलाके में और बाकी 2 लाख शहरों के गरीब इलाकों में किया जायेगा |
भारत में हर सरकारी योजना में बाधा और निष्क्रियता से उद्देश्य पूर्ण रूप से सफल नहीं हो पाता है| घूसखोरी के चलते कुछ ही पात्र लोगों को घर मिला है|प्रधानमंत्री जी आज आप से निवेदन है आज आवास दिवस पर अपने सपने को साकार करने के लिए मंत्रालय को टाइट कीजिए ताकि भारतीय कहे- आंखों में है एक सपना, सपने में है एक घर अपना, आज घर में है परिवार अपना|

राजीव गुप्ता जनस्नेही
लोकस्वर, आगरा
फोन नंबर -98370 97850
- किताबों के नाम पर ‘कमीशन का खेल’ — अभिभावकों का फूटा गुस्सा, पापा संस्था का बड़ा धमाका - March 22, 2026
- Mashhur qimorbozlarning sirli dunyosi Pin up casino bilan kashf eting - March 21, 2026
- Sort of Insurance policies - March 17, 2026