भगवान कृष्ण पर विवादित बयान: मौलाना जर्जिस अंसारी के खिलाफ FIR दर्ज, धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने का आरोप

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लखनऊ। भगवान श्रीकृष्ण को लेकर की गई एक आपत्तिजनक टिप्पणी ने उत्तर प्रदेश की सियासत और धार्मिक गलियारों में भारी आक्रोश पैदा कर दिया है। इटावा निवासी मौलाना जर्जिस अंसारी का एक वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें उन्होंने भगवान श्रीकृष्ण को मुस्लिम बताते हुए उनके नमाज पढ़ने का बेबुनियाद दावा किया है। इस बयान के बाद हिंदू संगठनों और धर्मगुरुओं में भारी नाराजगी है, जिसके चलते लखनऊ के हजरतगंज कोतवाली में मौलाना के खिलाफ एफआईआर (FIR) दर्ज कर ली गई है।

​याचिकाकर्ता महेंद्र प्रताप सिंह ने की गिरफ्तारी की मांग

श्रीकृष्ण जन्मभूमि विवाद मामले के प्रमुख याचिकाकर्ता महेंद्र प्रताप सिंह ने इस बयान की कड़ी भर्त्सना की है। उन्होंने इसे सनातन धर्म का अपमान करार देते हुए मौलाना जर्जिस अंसारी की तत्काल गिरफ्तारी की मांग की है। महेंद्र प्रताप ने कहा, “यह निंदनीय है कि कोई बिना किसी तथ्य के ऐसी बातें कर रहा है। सनातन धर्म हजारों साल पुराना है, जबकि इस्लाम का इतिहास अपेक्षाकृत नया है। ऐसे भड़काऊ बयान देकर धार्मिक भावनाओं को आहत करना किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।”

​मौलाना शहाबुद्दीन रजवी ने दावों को नकारा

इस विवाद में ऑल इंडिया मुस्लिम जमात के राष्ट्रीय अध्यक्ष मौलाना शहाबुद्दीन रजवी बरेलवी ने भी अपना रुख स्पष्ट करते हुए जर्जिस अंसारी के दावों को सिरे से खारिज कर दिया है। उन्होंने कहा कि “भगवान कृष्ण मुसलमान थे और वे नमाज पढ़ते थे” जैसे दावे पूर्णतः असत्य और तथ्यों के विपरीत हैं।

मौलाना रजवी ने तर्क दिया कि इस्लामी मान्यता के अनुसार, नमाज का तोहफा पैगंबर मुहम्मद को ‘इसरा और मेराज’ के दौरान मिला था, जो लगभग 1,500 साल पहले की घटना है। उन्होंने स्पष्ट किया कि सनातन धर्म के आराध्य के बारे में इस तरह की गैर-जिम्मेदाराना टिप्पणी करना न केवल गलत है, बल्कि इससे सामाजिक सद्भाव भी बिगड़ता है।

​पुलिस की जांच जारी

हजरतगंज पुलिस ने वायरल वीडियो को साक्ष्य के रूप में लेते हुए मामले की जांच शुरू कर दी है। पुलिस का कहना है कि धार्मिक भावनाओं को आहत करने और सार्वजनिक शांति भंग करने के आरोपों के तहत विधिक कार्रवाई की जा रही है। सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे इस वीडियो के बाद से मौलाना की मुश्किलें बढ़ गई हैं और पुलिस अब इस पूरे मामले के कानूनी पहलुओं की पड़ताल कर रही है।

Dr. Bhanu Pratap Singh