नई दिल्ली। संसद के बजट सत्र में सत्तापक्ष और विपक्ष के बीच टकराव चरम पर पहुंच गया है। राहुल गांधी के भाषण के दौरान हुए विवाद और 8 सांसदों के निलंबन के बाद, अब विपक्षी गठबंधन (I.N.D.I.A.) लोकसभा स्पीकर ओम बिरला के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव (No-Confidence Motion) लाने की तैयारी में है। सूत्रों के मुताबिक, विपक्ष स्पीकर की कार्यशैली और पक्षपात के आरोपों को लेकर लामबंद हो रहा है।
क्यों बढ़ा विवाद?
हंगामे की मुख्य वजह राष्ट्रपति के अभिभाषण पर धन्यवाद प्रस्ताव के दौरान राहुल गांधी को टोकना और उनके भाषण को बीच में रोकना बताया जा रहा है। कांग्रेस का आरोप है कि एक तरफ विपक्ष की आवाज दबाई जा रही है, वहीं दूसरी ओर भाजपा सांसद निशिकांत दुबे को पूर्व प्रधानमंत्रियों पर टिप्पणी करने की पूरी छूट दी गई।
8 सांसदों पर गिरी गाज
सदन में जारी भारी हंगामे के बीच कांग्रेस सहित विपक्ष के 8 सांसदों को पूरे सत्र के लिए निलंबित कर दिया गया है। विपक्ष इस बात पर भी आक्रोशित है कि स्पीकर ने सदन में यह दावा किया कि कांग्रेस सदस्य प्रधानमंत्री के पास जाकर कोई ‘अप्रत्याशित घटना’ कर सकते हैं, जिसे विपक्ष ने अपना अपमान बताया है।
क्या है अविश्वास प्रस्ताव का गणित?
नियमों के मुताबिक, लोकसभा स्पीकर के खिलाफ प्रस्ताव लाने के लिए कम से कम 100 सांसदों के हस्ताक्षर की आवश्यकता होती है। वर्तमान में विपक्षी गठबंधन के पास 232 सांसद हैं, जो इस प्रस्ताव को पेश करने के लिए पर्याप्त हैं।
सत्र के 9वें दिन भी गतिरोध जारी
सोमवार को सदन की कार्यवाही शुरू होते ही विपक्ष ने राहुल गांधी को बोलने देने की मांग को लेकर नारेबाजी शुरू कर दी। स्पीकर ने प्रश्नकाल के बाद समय देने की बात कही, लेकिन असंतुष्ट विपक्ष ने हंगामा जारी रखा, जिसके चलते सदन को दोपहर 12 बजे तक स्थगित करना पड़ा। वहीं राज्यसभा में भी मल्लिकार्जुन खड़गे और अश्विनी वैष्णव के बीच तीखी बहस के बाद माहौल गरमाया हुआ है।
- आगरा में दर्दनाक हादसा: बिलोचपुरा-रुनकता ट्रैक पर मालगाड़ी की चपेट में आने से डॉक्टर की मौत, इलाके में सनसनी - July 12, 2026
- आगरा में साइबर पुलिस की बड़ी कार्रवाई: फेसबुक पर बच्चों से जुड़ी आपत्तिजनक सामग्री प्रसारित करने के आरोप में युवक पर FIR - July 12, 2026
- आगरा के निजी अस्पताल पर बड़ा साइबर हमला: रैनसमवेयर अटैक से सर्वर और टैली डेटा हुआ लॉक, मचा हड़कंप - July 12, 2026