​भाजपाई हानि का उत्सव न मनाएं… अखिलेश यादव ने ट्रेड डील को बताया कृषि आधारित भारत के लिए आपदा, कमीशनखोरी के लगाए आरोप

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लखनऊ। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने भारत-अमेरिका ट्रेड डील को देश के कृषि और डेयरी क्षेत्र के लिए एक बड़ी आपदा करार दिया है। सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ (X) पर अपनी तीखी प्रतिक्रिया देते हुए अखिलेश ने कहा कि कोई भी व्यापारिक समझौता लाभ और हानि के तराजू पर तौला जाता है, लेकिन इस डील में भारत पूरी तरह नुकसान में दिख रहा है।

‘डील नहीं, यह तो ढील है’

अखिलेश यादव ने तंज कसते हुए कहा कि यह समझौता भारत की 70% कृषि आधारित जनता के हितों के खिलाफ है। उन्होंने सरकार पर आरोप लगाया कि सदन के पटल पर कृषि और डेयरी क्षेत्र को सुरक्षित रखने का जो ‘झूठ’ बोला जा रहा है, वह भविष्य में पकड़ा जाएगा। उन्होंने सवाल उठाया कि जब अभी तक डील की शर्तें पूरी तरह हस्ताक्षरित और निर्धारित ही नहीं हुई हैं, तो सरकार पहले से ही जीत के दावे कैसे कर सकती है?

‘500 अरब डॉलर की रंगदारी’

​सपा मुखिया ने बेहद कड़े शब्दों का इस्तेमाल करते हुए कहा कि जनता के बीच यह संदेश जा रहा है जैसे भारत से 500 अरब डॉलर की रंगदारी वसूली गई हो। उन्होंने इसे कूटनीति की जीत बताने वालों पर निशाना साधते हुए कहा कि अमेरिका ने अपनी कूटनीति से इस समझौते को अपने मुनाफे के सांचे में ढाला है। अखिलेश के अनुसार, जो लोग इसे सरकार के दबदबे की जीत कह रहे हैं, दरअसल उनकी गर्दन और जीभ दोनों दबी हुई है और वे खुद को लाचार महसूस कर रहे हैं।

कमीशनखोरी और आपदा का आरोप

​अखिलेश यादव ने भाजपाइयों को चेतावनी देते हुए कहा कि वे देश की हानि का उत्सव न मनाएं। उन्होंने इसे ‘समझौता नहीं, बल्कि समर्पण’ बताते हुए आशंका जताई कि इस आपदा में भी सत्तापक्ष ‘कमीशनखोरी’ के अवसर तलाश रहा है। उन्होंने साफ किया कि जो लोग इसे मील का पत्थर बता रहे हैं, वे देश की आर्थिक सुरक्षा के साथ खिलवाड़ कर रहे हैं।

Dr. Bhanu Pratap Singh