सत्यापन मे 4 हज़ार किसान मृतक ,3851 किसान आयकर दाता और 4500 भूमिहीन काश्तकार अपात्र मिले
आगरा । उत्तर प्रदेश सरकार के निर्देश पर आगरा जनपद में राजस्व विभाग और कॄषि विभाग द्वारा संयुक्त रूप से प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि के सत्यापन का कार्य युद्धस्तर पर किया जा रहा है । अब तक इस जांच में 12351 किसान अपात्र पाए गए है । विभाग द्वारा अब इन अपात्र लोगों से वसूली की कार्रवाई की जाएगी ।
इस बारे में जानकारी देते हुए उप निर्देशक कृषि पुरषोत्तम मिश्रा ने बताया कि आगरा जनपद में केंद्र की महत्वाकांक्षी योजना ‘प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि’ के सत्यापन का कार्य राजस्व विभाग और कृषि विभाग संयुक्त रूप से कर रहा है। प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि के लिए आगरा जनपद तीन लाख 42 हज़ार किसान चयनित किए गए थे । जिनके सत्यापन के कार्य मे 4 हज़ार किसान मृतक ,3851 किसान आयकर दाता और 4500 भूमिहीन काश्तकार अपात्र पाए गए हैं।
उन्होंने बताया कि इनमें से बहुत से मामले ऐसे हैं जिनमें पति और पत्नी दोनों को ही इस निधि का लाभ प्राप्त हो रहा हैं। अपात्र पाए गए किसानों से अब इस योजना के तहत अब तक दी गई रकम की वसूली की जाएगी।
उन्होंने बताया कि किसान सम्मान निधि की 12वीं किस्त जारी की चुकी है । आगरा जनपद में अब तक कुल 650 करोड़ रुपया प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि के तहत किसानों को वितरित किया जा चुका है
जिन किसानों का भूलेख अंकन और स्थलीय सत्यापन का कार्य पीएम किसान पोर्टल पर अपलोड होगा उन्हें ही इस योजना का लाभ दिया जाएगा।
स्पष्ट किया कि किसान पोर्टल पर डाटा अपलोड की कार्यवाही युद्ध स्तर पर की जा रही है और सभी पात्र किसानों को किसान सम्मान निधि की 12वीं किस्त जरूर दी जाएगी।
उन्होंने बताया कि किसानों का पोर्टल पर भूलेख अंकन का काम किया जा चुका है। उन्होंने किसानों से अपील की कि वे जल्द से जल्द अपना डाटा पोर्टल पर अपलोड करा लें।
- आगरा खंड एमएलसी चुनाव में वोसा की एंट्री, डॉ. राहुल राज और मदन मोहन शर्मा को बनाया प्रत्याशी; यूजीसी नियमों के विरोध को बनाया बड़ा मुद्दा - October 3, 2026
- आगरा खंड एमएलसी चुनाव: भाजपा ने शक्ति प्रदर्शन के साथ दाखिल किए नामांकन, प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी बोले— संगठन की ताकत से जीतेंगे दोनों सीटें - October 3, 2026
- आगरा के शास्त्रीपुरम में शर्मा इंडस्ट्रीज की फैक्ट्री में लगी आग: डस्ट कलेक्टर एरिया से उठा धुआं, 150 से अधिक कर्मचारियों को सुरक्षित निकाला गया - October 3, 2026