jaipur foot

मोबाइल वैन से जिला जेल पहुंचा जयपुर फुट, 8 बंदियों का कल्याण

REGIONAL

श्री भगवान महावीर विकलांग सहायता समिति जयपुर और आगरा विकास मंच का अभियन जारी

समिति के संरक्षक डीआर मेहता ने कहा- जयपुर हाउस में शुरू हुए केंद्र पर विकलांगों को भेजें

Live Story Time

Agra, Uttar Pradesh, India, Bharat. श्री भगवान महावीर विकलांग सहायता समिति जयपुर और आगरा विकास मंच ने जिला जेल के आठ बंदियों को स्वतंत्रता दिवस का शानदार उपहार दिया है। इन सबके जयपुर फुट बनाए गए हैं। अब ये बंदी अपना काम स्वयं कर सकेंगे।

विकलांगों के लिए निःशुल्क कृत्रिम अंग, फिजियोथेरेपी सेंटर और तकनीकी प्रशिक्षण केंद्र शुरू, गोदी में आए और अपने पैरों पर गए दिव्यांग

अधीक्षक के आग्रह पर श्री भगवान महावीर विकलांग सहायता समिति जयपुर और आगरा विकास मंच ने जिला जेल में मोबाइल वैन भेजी। मंच के अध्यक्ष राजकुमार जैन और संयोजक सुनील कुमार जैन ने बताया कि इस मोबाइल वैन में जयपुर फुट बनाने का कारखाना स्थापित है। तकनीशियन अमित शर्मा के नेतृत्व में कर्मचारियों ने सभी बंदियों के पांव का माप लिया और मौके पर ही जयपुर फुट बनाकर पहनाया। बंदियों के चेहरे पर मुस्कान देखते ही बनती थी।

 

इनके लगाए गए जयपुर फुट

दिलीप 40 वर्ष, उमेश 34 वर्ष, कृष्णवीर 48 वर्ष, बंटू 30 वर्ष, राकेश 30 वर्ष, महोदर 55 वर्ष, आकाश 24 वर्ष और राकेश।

इस मौके पर जेल अधीक्षक हरिओम शर्मा, जेलर नागेश सिंह, उप जेलर सुनील कुमार सिंह, चिकित्सा अधिकारी डॉ. यादवेंद्र सिंह ने आगरा विकास मंच की निःशुल्क सेवा को सराहा है।

आगरा से उत्तर प्रदेश को विकलांग मुक्त बनाने की मुहिम, जयपुर फुट बनना शुरू, देखें वीडियो

श्री भगवान महावीर विकलांग सहायता समिति जयपुर के संरक्षक डीआर मेहता पूर्व आईएएस ने बताया कि हमने मोबाइल वैन में जयपुर फुट लगाने का पूरा कारखाना स्थापित किया है। हमारा उद्देश्य है कि विकलांग बंधुओं को उनके घर पर जाकर सेवा दें। हर प्रकार की सेवा पूरी तरह निःशुल्क है। उन्होंने अपील की कि आगरा में शुरू हुए विकलांग केंद्र पर सभी विकलांगों को भेजें ताकि प्रथम चरण में आगरा को विकलांग मुक्त किया जा सके।

विकलांगों के लिए निःशुल्क कृत्रिम अंग, फिजियोथेरेपी सेंटर और तकनीकी प्रशिक्षण केंद्र शुरू, गोदी में आए और अपने पैरों पर गए दिव्यांग

उल्लेखनीय है कि 117, जयपुर हाउस, आगरा में निःशुल्क विकलांग केंद्र स्थापित किया गया है। यहां कोई भी विकलांग जाकर जयपुर फुट बनवा सकता है। समय-समय पर विकलांगों को अन्य उपकरण भी दिए जाएंगे। इसके अलावा फिजियोथेरेपी सेंटर और तकनीकी प्रशिक्षण केंद्र भी खोला गया है। इस तरह यहां विकलांगों को प्रशिक्षित कर सम्मान के साथ जीना भी सिखाया जा रहा है।

डॉ. भानु प्रताप सिंह की पुस्तकें पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें

 

Dr. Bhanu Pratap Singh