जन्‍मदिन: हिन्दी के प्रख्यात साहित्यकार चन्द्रधर शर्मा गुलेरी

जन्‍मदिन: हिन्दी के प्रख्यात साहित्यकार चन्द्रधर शर्मा गुलेरी

[ad_1] हिन्दी के प्रख्यात साहित्यकार चन्द्रधर शर्मा गुलेरी का आज जन्‍मदिन है। 07 जुलाई 1883 को कांगड़ा (हिमाचल प्रदेश) के गुलेर गांव में पैदा हुए चन्द्रधर शर्मा गुलेरी की मृत्‍यु 12 सितंबर 1922 के दिन काशी (उत्तर प्रदेश) में हुई।मात्र बीस वर्ष की उम्र में ही उन्हें जयपुर की वेधशाला के जीर्णोद्धार तथा उससे सम्बन्धित […]

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‘अमृतस्य नर्मदा’ के लेखक अमृतलाल की पुण्‍यतिथि आज

‘अमृतस्य नर्मदा’ के लेखक अमृतलाल की पुण्‍यतिथि आज

[ad_1] मां नर्मदा के यह मानस पुत्र नर्मदा परिक्रमावासी अमृतलाल वेगड़ अपनी यशस्वी और ऊर्जस्वी लेखनी के साथ आज से दो साल पहले 6 जुलाई 2018 को खामोश हो गए। नर्मदा नदी को उन्होंने रोम रोम से प्यार किया। उनकी आत्मा में नर्मदा की कलकल छलछल धारा बहती थीं। उनकी लेखनी से निकल कर नर्मदा […]

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मौसम विज्ञान को पीछे छोड़ देती हैं घाघ व भड्डरी की कविताएं

मौसम विज्ञान को पीछे छोड़ देती हैं घाघ व भड्डरी की कविताएं

[ad_1] मानसून को लेकर कहावतों में कही गईं घाघ की कविताएं उत्तर प्रदेश व बिहार में प्रचलित हैं और भड्डरी की पंजाब और राजस्थान में। व्यावहारिक ज्ञान को विशेषरूप से कृषि व मौसम के बारे में घाघ भड्डरी ने लोकभाषा में सरल कहावतों के रूप में बताया है। उनकी जितनी कहावतें हैं, सभी प्रायः अक्षरशः […]

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मानसून की पहली बारिश में याद आती हैं परवीन शाकिर

मानसून की पहली बारिश में याद आती हैं परवीन शाकिर

सैयदा परवीन शाकिर एक उर्दू कवयित्री, शिक्षक और पाकिस्तान सरकार में सिविल सेवा की एक अधिकारी थीं। इनकी प्रमुख कृतियाँ- खुली आँखों में सपना, ख़ुशबू, सदबर्ग, इन्कार, रहमतों की बारिश, ख़ुद-कलामी, इंकार (1990), माह-ए-तमाम (1994) आदि हैं। वे उर्दू शायरी में एक युग का प्रतिनिधित्व करती हैं। उनकी शायरी का केन्द्रबिंदु स्त्री रहा है। फ़हमीदा […]

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मैं आगरा हूँ...

“मैं आगरा हूं” पुस्तक का शानदार लोकार्पण और डॉ. राजेन्द्र पैंसिया का सम्मान, देखें वीडियो

डॉ. भानु प्रताप सिंह Agra, Uttar Pradesh, India. आगरा विकास प्राधिकरण के निवर्तमान उपाध्यक्ष डॉ. राजेंद्र पैंसिया आईएएस का कहना है साहित्य, कला व संस्कृति के संवर्धन और संरक्षण से ही हम दृढ़ता से आगे बढ़ सकते हैं और इसके लिए इन क्षेत्रों में संलग्न वरिष्ठ जनों का वरद हस्त रहने पर सारा परिवेश पुष्पित […]

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veer gokula jat

‘हिन्दू धर्म रक्षक वीर गोकुला जाट’ पर शोधपरक पुस्तक, देखें 9 वीडियो

भारत के इतिहास में हमें अधिकांशतः मुगल काल के बारे में पढ़ाया जाता है। पाठ्य पुस्तकें बाबर, अकबर, शाहजहां और औरंगजेब की शान से भरी हुई हैं। अकबर को महान के रूप में प्रख्यापित किया गया है। अकबर ने जो हिन्दुओं के उत्पीड़न वाले काम किए हैं, उनके बारे में नहीं पढ़ाया जाता है। इसी […]

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सनातन भारत को समझना है तो सूर्यकांत बाली की “भारतगाथा” पढ़ें

सनातन भारत को समझना है तो सूर्यकांत बाली की “भारतगाथा” पढ़ें

[ad_1] भारतीय संस्कृति के अध्येता और संस्कृत के विद्वान् श्री सूर्यकान्त बाली ने विपुल राजनीतिक लेखन के अलावा भारतीय संस्कृति पर काफी ल‍िखा। श्री सूर्यकान्त बाली द्वारा ल‍िखा गया रविवार्ता, नवभारत टाइम्स के ”भारत के मील पत्थर” कॉलम   ‘भारतगाथा’ नामक पुस्तक के रूप में जब पाठकों तक पहुँचा तो सोचने पर बाध्य कर द‍िया क‍ि […]

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dr rajendra pensiya

कोई यूं ही आईएएस डॉ. राजेन्द्र पैंसिया नहीं बन जाता…

Dr Bhanu Pratap Singh bhanuagra@gmail.com Agra, Uttar Pradesh, India. आई.ए.एस. तो निरे सारे हैं, लेकिन डॉ. राजेन्द्र पैंसिया जैसे आई.ए.एस. विरले हैं। अगर आपने डॉ.  राजेन्द्र पैंसिया का नाम नहीं सुना तो मैं आश्चर्यित हूँ। वही डॉ. राजेन्द्र पैंसिया जो सामान्य कदकाठी के हैं। वही डॉ. राजेन्द्र पैंसिया जो विनम्र हैं। धार्मिक हैं। सबको अपना […]

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प्रसिद्ध हिन्दी जनकवि आलोक धन्‍वा का जन्‍मदिन आज

प्रसिद्ध हिन्दी जनकवि आलोक धन्‍वा का जन्‍मदिन आज

[ad_1] प्रसिद्ध हिन्दी जनकवि आलोक धन्‍वा का जन्‍म 02 जुलाई 1948 को बिहार के मुंगेर में हुआ था। आलोक धन्वा हिन्दी के उन बड़े कवियों में हैं, जिन्होंने 70 के दशक में कविता को एक नई पहचान दी। उनकी गोली दागो पोस्टर, जनता का आदमी, कपड़े के जूते और ब्रूनों की बेटियाँ जैसी कविताएँ बहुचर्चित […]

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जन्‍मदिन विशेष: बाँसुरी वादक पद्म विभूषण हरिप्रसाद चौरसिया

जन्‍मदिन विशेष: बाँसुरी वादक पद्म विभूषण हरिप्रसाद चौरसिया

प्रसिद्ध बाँसुरी वादक हरिप्रसाद चौरसिया का आज जन्‍मदिन है। पद्म विभूषण से सम्मानित हरिप्रसाद चौरसिया का जन्‍म 01 जुलाई 1938 को को इलाहाबाद (उत्तर प्रदेश) में हुआ था।   पहलवान पिता की संतान हरिप्रसाद चौरसिया का बचपन गंगा किनारे बनारस में बीता। उनकी शुरुआत तबला वादक के रूप में हुई। अपने पिता की मर्जी के […]

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