55 हजार का अर्थदंड भी लगाया, आरोपपत्र दाखिल होने के बाद 40 दिन में हुई सजा
Live Story Time
Mathura, Uttar Pradesh India. अपर सत्र न्यायाधीश व विशेष न्यायाधीश पोक्सो एक्ट विपिन कुमार की अदालत ने गुरुवार को नाबालिग बेटी से बलात्कार के आरोप में आरोप पत्र दाखिल होने से चालीस दिन के अंदर अभियुक्त पिता को आजीवन कारावास व 55 हजार रुपये के अर्थदण्ड की सजा सुनाई है।
इस केस की सरकार की ओर से पैरवी कर रहीं स्पेशल डीजीसी पोक्सो कोर्ट श्रीमती अलका उपमन्यु एडवोकेट ने बताया कि पीड़िता की माँ ने थाना रिफाइनरी में रिपोर्ट दर्ज कराई थी। रिपोर्ट में कहा गया था कि 14 जनवरी 2023 को पीड़िता की माँ अपनी दुकान पर थी। सात बजे उसके पति मण्डी से वापस आया। बच्चे मेरे साथ थे। पति बच्चों को लेकर दुकान से घर आया। जब शाम को 9:30 बजे पीड़िता की माँ घर पहुंची तो देखा कि बेटी का चेहरा लाल हो रहा था। जब छह वर्षीय बेटी को पूछा तो बताया कि पापा ने मारा है। दूसरे दिन जब बेटी से फ्रेश होने को कहा तो बताया दर्द हो रहा है। जब माँ ने बेटी के कपड़े उतार कर देखा तो उसके कपड़े खून से लथपथ थे और बेटी ने माँ को बताया कि पापा ने उसके साथ बदतमीजी की है। माँ ने रिपोर्ट में बताया कि उसकी बेटी के साथ उसके पति हरेंद्र बलात्कार की घटना को अंजाम दिया है।
पीड़िता की माँ की तहरीर पर थाना रिफाइनरी में धारा 376 ए, बी, 323 भा. दं. सं. व 5 एम/6 पोक्सो एक्ट में दर्ज किया। जिसकी अपराध संख्या 13/2023 है। गुरुवार को अपर सत्र न्यायाधीश व विशेष न्यायाधीश पोक्सो एक्ट विपिन कुमार ने सुनवाई करते हुए अभियुक्त हरेंद्र को धारा 323 भा०दं०सं० के अपराध हेतु 01 वर्ष के कठोर कारावास तथा पांच हजार रूपये के अर्थदण्ड, पोक्सो अधिनियम 2012 की धारा 5एम/6 में अभियुक्त हरेन्द्र को आजीवन कारावास (शेष प्राकृत जीवनकाल के लिए) तथा 50 हजार रूपये के अर्थदण्ड से दण्डित किया है। अर्थदण्ड अदा ना करने पर अभियुक्त अतिरिक्त साधारण कारावास भुगतेगा। अभियुक्त द्वारा जेल में बितायी गयी अवधि इस सजा में समायोजित की जाएगी। सभी सजाएं साथ-साथ चलेगी। अभियुक्त पर अधिरोपित अर्थदण्ड की आधी धनराशि पीड़िता की मां को प्रदान के आदेश दिये हैं।
मथुरा से रिपोर्टः कमल कांत उपमन्यु
- आगरा में आस्था से ‘खिलवाड़’ या सियासत? यमुना आरती के नाम पर नाले की पूजा का आरोप, NGT जाने की तैयारी - February 24, 2026
- आदिवासी समाज के सशक्तिकरण के लिए डॉ. अतुल मलिकराम सम्मानित, बोले— “जल, जंगल और जमीन के संरक्षकों के साथ खड़ा होना हमारी जिम्मेदारी” - February 24, 2026
- लखनऊ में गूंजी ‘हर आखिरी लड़की’ की आवाज: CII में पुस्तक विमोचन के साथ बालिका शिक्षा पर मंथन, रमन मैग्सेसे विजेता सफीना हुसैन ने साझा किया विजन - February 24, 2026