नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट ने आज भीमा कोरेगांव केस में आरोपी गौतम नवलखा को जमानत दे दी है. सुप्रीम कोर्ट ने कहा है गौतम नवलखा पिछले चार साल से हिरासत में हैं. कोर्ट ने कहा कि इस केस में अभी तक आरोप भी तय नहीं हुए हैं ऐसे में ट्रायल में काफी वक्त लग सकता है. जबकि इस मामले के 6 सह- आरोपियों को पहले ही जमानत मिल चुकी है. कोर्ट ने आगे कहा कि नवलखा की बेल पर लगी रोक को और आगे बढ़ाने की अब जरूरत नजर नहीं आती.
गौतम नवलखा पर बॉम्बे हाई कोर्ट की ओर से बेल पर रोक लगाई गई थी, जिसे कोर्ट ने आगे बढ़ाने से मना कर दिया है. वहीं न्यायमूर्ति एमएम सुंदरेश और न्यायमूर्ति एसवीएन भट्टी की पीठ ने नवलखा को जमानत की शर्त के तौर पर घर में नजरबंद रखने के दौरान सुरक्षा में हुए खर्च के तौर पर 20 लाख रुपये भी जमा कराने को कहा है.
गौतम नवलखा पर क्या है आरोप?
गौतम नवलखा नवंबर 2022 से नवी मुंबई स्थित घर में नजरबंद थे. सुप्रीम कोर्ट ने उनकी उम्र और सेहत को ध्यान में रखते हुए नजरबंद रखने का आदेश दिया था, उन्हें पहले जेल में रखा गया था. नवलखा और अन्य सह आरोपियों पर भीमा कोरेगांव स्मारक पर जातीय दंगे भड़काने का आरोप था. भीमा कोरेगांव महाराष्ट्र में पुणे के पास है.
-एजेंसी
- शंकराचार्य के खिलाफ घिनौनी साजिश बेनकाब: बेटियों को ढाल बनाकर फंसाने का दिया था लालच, पीड़ित ने मठ में खोला राज - February 23, 2026
- आगरा में नकली दवाओं के सिंडिकेट पर बड़ा प्रहार: 8000 फर्जी लेबल बरामद, दो गोदाम सील, दवा बाजार में हड़कंप - February 23, 2026
- वैवाहिक वेबसाइट से ‘ब्लैकमेलिंग’ का खेल: दिल्ली के डॉक्टर पर आगरा की युवती ने लगाया संगीन आरोप, होटल में रुकने का बना रहा था दबाव - February 23, 2026