गोरखपुर में सीएम योगी का ‘जनता दर्शन’: बारिश के बीच सुनीं समस्याएं, जमीन पर अवैध कब्जा करने वालों को कड़ा सबक सिखाने के निर्देश

REGIONAL





​गोरखपुर। आम जनता की सेवा को सर्वोपरि रखते हुए उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गुरुवार सुबह मूसलाधार बारिश के बावजूद गोरखनाथ मंदिर परिसर में ‘जनता दर्शन’ का आयोजन किया। दूरदराज के क्षेत्रों से अपनी समस्याएं लेकर पहुंचे फरियादियों से मुख्यमंत्री ने खुद मुलाकात की और उनकी समस्याएं इत्मीनान से सुनीं। इस दौरान मुख्यमंत्री ने सभी को आश्वस्त किया कि उनकी हर समस्या का उचित और त्वरित समाधान सुनिश्चित किया जाएगा।

महंत दिग्विजयनाथ स्मृति भवन में हुआ आयोजन

बारिश के चलते लोगों को किसी प्रकार की असुविधा न हो, इसके लिए मुख्यमंत्री के विशेष निर्देश पर जनता दर्शन का आयोजन गोरखनाथ मंदिर परिसर स्थित महंत दिग्विजयनाथ स्मृति भवन सभागार में किया गया। इस कार्यक्रम में सीएम योगी ने करीब 200 लोगों की समस्याओं को सुना। सभागार में कुर्सियों पर बैठे एक-एक फरियादी तक खुद पहुंचकर मुख्यमंत्री ने उनकी पीड़ा जानी। उन्होंने वहां मौजूद प्रशासनिक व पुलिस अधिकारियों को कड़े निर्देश दिए कि हर पीड़ित व्यक्ति की समस्या पर पूरी संवेदनशीलता से ध्यान दिया जाए और तत्परता के साथ उसका समयबद्ध व पारदर्शी निस्तारण कराया जाए।

दबंगों और भू-माफियाओं पर सख्त कार्रवाई के निर्देश

जनता दर्शन के दौरान कुछ पीड़ित महिलाओं ने अपनी जमीन पर दबंगों द्वारा जबरन कब्जा किए जाने की गंभीर शिकायत दर्ज कराई। इस पर कड़ा रुख अपनाते हुए मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि यदि किसी दबंग या भू-माफिया ने किसी गरीब की जमीन हड़पी है, तो उसके खिलाफ कठोरतम कानूनी कार्रवाई की जाए। उन्होंने स्पष्ट किया कि अवैध और जबरन किए गए कब्जों से जमीन को तुरंत मुक्त कराया जाना चाहिए।

इलाज के लिए आर्थिक सहायता का भरोसा

हर बार की तरह इस बार भी जनता दर्शन में कुछ ऐसे लोग पहुंचे थे जो गंभीर बीमारियों के इलाज के लिए आर्थिक मदद की गुहार लगा रहे थे। ऐसे मामलों पर संवेदनशीलता दिखाते हुए सीएम योगी ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि अस्पतालों से इलाज के एस्टीमेट की प्रक्रिया को जल्द से जल्द पूरा कराकर शासन को भेजा जाए। उन्होंने आश्वासन दिया कि मुख्यमंत्री विवेकाधीन कोष से मरीजों के उपचार के लिए पर्याप्त राशि तुरंत मुहैया कराई जाएगी।




Dr. Bhanu Pratap Singh