खाद्य सुरक्षा समिति के सभापति बने विजय शिवहरे का आगरा में भव्य स्वागत: उद्यमियों ने कहा, मानक पूरे करने को तैयार, लेकिन उत्पीड़न नहीं सहेंगे

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आगरा। उत्तर प्रदेश शासन द्वारा खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन की प्रदेश स्तरीय समिति का सभापति मनोनीत किए जाने पर विधान परिषद सदस्य (आगरा-फिरोजाबाद) विजय शिवहरे का चैंबर ऑफ फूड प्रोसेसिंग इंडस्ट्रीज एसोसिएशन के प्रतिनिधिमंडल ने भव्य स्वागत एवं अभिनंदन किया।

चैंबर के अध्यक्ष राजकुमार भगत ने माल्यार्पण कर विजय शिवहरे का स्वागत किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि चैंबर का प्रत्येक व्यापारी व उद्यमी खाद्य सुरक्षा के सभी मानकों का पूर्णतः पालन करने के लिए कटिबद्ध है। विभाग की किसी भी जांच के लिए हम सदैव तैयार हैं, लेकिन जांच की आड़ में व्यापारियों का उत्पीड़न किसी भी दशा में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।

सभापति विजय शिवहरे ने अपने अभिनंदन के लिए आभार व्यक्त करते हुए कहा कि प्रदेश सरकार व्यापारियों और उद्यमियों के साथ मिलकर काम कर रही है। खाद्य सुरक्षा और औषधि की गुणवत्ता को लेकर सरकार अत्यंत गंभीर है और प्रदेश में जनता को स्वस्थ, स्वच्छ एवं स्वास्थ्यवर्धक खाद्य पदार्थ उपलब्ध कराने के लिए एक ठोस कार्ययोजना पर काम किया जा रहा है। उन्होंने आश्वस्त किया कि इस योजना में उद्योग और उद्यमियों के हितों का भी पूरा ध्यान रखा जाएगा।

उन्होंने कहा, “प्रदेश सरकार ने मुझे जो यह दायित्व सौंपा है, उसका मैं पूरी निष्ठा से निर्वहन करूंगा। मैं स्वयं एक व्यापारी और भाजपा कार्यकर्ता होने के नाते व्यापारियों के हितों और उद्योग की चुनौतियों को भली-भांति समझता हूं।”

चैंबर ने रखीं दो प्रमुख मांगें

1. सैंपलिंग की सुरक्षा पर कार्ययोजना बने: चैंबर के सचिव विकास चतुर्वेदी ने कहा कि सैंपल लेने से लेकर प्रयोगशाला तक पहुंचने तक उसकी सेल्फ लाइफ और गुणवत्ता सुरक्षित रहे, इसके लिए एक विशेष एसओपी और कार्ययोजना बनाई जाए।

2. सैंपल फेल होने पर केवल निर्माता ही जिम्मेदार हो: चैंबर के मुख्य सलाहकार मनीष अग्रवाल (रावी) ने कहा कि वर्तमान व्यवस्था में सैंपल फेल होने पर मैन्युफैक्चरर के साथ-साथ C&F, डिस्ट्रीब्यूटर और रिटेलर को भी पार्टी बना दिया जाता है, जबकि वे केवल विक्रेता होते हैं और उन्हें उत्पादन प्रक्रिया की तकनीकी जानकारी नहीं होती। इस प्रक्रिया को सरल करते हुए केवल मैन्युफैक्चरर को ही पार्टी बनाया जाए।

उन्होंने यह भी मांग रखी कि यदि किसी उत्पाद पर मुकदमा दर्ज होता है, तो उसकी सुनवाई उसी जनपद में हो जहां उसकी मैन्युफैक्चरिंग यूनिट स्थित है। किसी अन्य राज्य में माल बिकने पर वहां जाकर कानूनी प्रक्रिया का पालन करना उद्यमियों के लिए अत्यंत कठिन होता है।

स्वागत कार्यक्रम में एसोसिएशन के महासचिव अनुज सिंघल के साथ श्रीराम पूरी से रजत खंडेलवाल, ब्रज रसायन से तुषार गुप्ता, दिवाकर गुप्ता, देवीराम हलवाई से राजेश अग्रवाल सहित चैंबर के अनेक सदस्य उपस्थित रहे। कार्यक्रम के अंत में चैंबर की एडमिनिस्ट्रेटर अपरार्क शर्मा ने सभी के प्रति आभार व्यक्त किया।

Dr. Bhanu Pratap Singh