आगरा: ताजनगरी के रकाबगंज थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले रावली इलाके में शुक्रवार को पुलिस की एक दबिश के दौरान उस वक्त कोहराम मच गया, जब कार्रवाई के दौरान संदिग्ध परिस्थितियों में तीसरी मंजिल से गिरकर एक युवक की दर्दनाक मौत हो गई। घटना के बाद मृतक के परिजनों और स्थानीय लोगों ने पुलिस पर अवैध वसूली करने और रकम न देने पर युवक को छत से नीचे धक्का देने का बेहद गंभीर आरोप लगाया है।
इस सनसनीखेज घटना के विरोध में आक्रोशित परिजनों ने युवक का शव सड़क पर रखकर जोरदार जाम लगा दिया और पुलिस प्रशासन के खिलाफ उग्र प्रदर्शन किया। स्थिति की गंभीरता को भांपते हुए कई थानों का पुलिस बल मौके पर तैनात किया गया, वहीं आगरा छावनी के विधायक डॉ. जीएस धर्मेश ने भी घटनास्थल पर पहुंचकर परिजनों को निष्पक्ष जांच का भरोसा दिलाया।
जुए की सूचना पर रावली इलाके में पहुंची थी पुलिस टीम
प्राप्त जानकारी के अनुसार, रकाबगंज थाने की पुलिस को रावली क्षेत्र में अवैध रूप से जुआ खेले जाने की गुप्त सूचना मिली थी। इसी सूचना के आधार पर पुलिसकर्मियों की एक टीम आनन-फानन में मौके पर पहुंची और एक मकान में कार्रवाई शुरू की। इसी गहमागहमी और दबिश के दौरान वहां मौजूद एक युवक अचानक इमारत की तीसरी मंजिल से नीचे आ गिरा। गंभीर रूप से घायल अवस्था में उसे तत्काल अस्पताल ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। युवक की मौत की खबर जैसे ही उसके परिवार और मोहल्ले के लोगों तक पहुंची, इलाके में भारी आक्रोश फैल गया और देखते ही देखते सैकड़ों लोग सड़क पर एकत्र हो गए।
’पैसे न देने पर पुलिस ने दिया छत से धक्का’ – परिजनों का आरोप
मृतक के परिजनों ने स्थानीय पुलिसकर्मियों पर बेहद संगीन आरोप लगाते हुए कहा कि पुलिस जुए की कार्रवाई करने के बजाय मौके पर अवैध रूप से पैसों की मांग कर रही थी। परिजनों का आरोप है कि जब उन्होंने पैसे देने से इनकार कर दिया, तो आक्रोशित पुलिसकर्मियों ने युवक को जबरन तीसरी मंजिल से नीचे धक्का दे दिया, जिससे उसकी मौत हो गई। हालांकि, पुलिस अधिकारियों का कहना है कि इन गंभीर आरोपों की सत्यता की पुष्टि केवल निष्पक्ष उच्चस्तरीय जांच और पोस्टमार्टम रिपोर्ट के आने के बाद ही हो सकेगी।
शव सड़क पर रखकर लगाया जाम, छावनी विधायक ने संभाली स्थिति
युवक की मौत से भड़के परिजनों और स्थानीय लोगों ने न्याय की मांग करते हुए उसका शव मुख्य मार्ग पर रखकर आवागमन ठप कर दिया। प्रदर्शनकारियों की मांग थी कि जब तक आरोपी पुलिसकर्मियों के खिलाफ नामजद मुकदमा दर्ज कर उन्हें निलंबित नहीं किया जाता, तब तक वे शव का अंतिम संस्कार नहीं होने देंगे। मौके पर तनावपूर्ण हालात को देखते हुए कई थानों का अतिरिक्त पुलिस बल और पीएसी बल तैनात कर दिया गया।
घटना की सूचना मिलने पर आगरा छावनी क्षेत्र के विधायक जीएस धर्मेश भी तुरंत मौके पर पहुंचे। उन्होंने पीड़ित परिवार और परिजनों से लंबी बातचीत कर उनकी पूरी बात सुनी और उन्हें आश्वस्त किया कि मामले की गहनता से निष्पक्ष जांच कराई जाएगी तथा दोषी पाए जाने वाले किसी भी शख्स को बख्शा नहीं जाएगा। फिलहाल, पुलिस अधिकारियों की मौजूदगी में हालात को नियंत्रित करने और समझाने-बुझाने के प्रयास जारी हैं। इस घटना ने एक बार फिर पुलिस की कार्यशैली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं, और अब सबकी नजरें इस बात टिकी हैं कि प्रशासनिक जांच में क्या तथ्य सामने आते हैं।
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